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Special Scholarship for students of RVSCET

Special Scholarship for students of RVSCET

जुलाई 03, जमशेदपुरः - आर0 वी0 एस0 काॅलेज आॅफ इंजीनियरिंग एण्ड टेक्नोलाॅजी ने फस्र्ट सेमेस्टर में प्रवेश लेनेवाले अभ्यर्थीयों के लिए विशेष छात्रवृति आर0 वी0 एस0 मेद्या 2018 का प्राबधान किया है। संस्थान के शासी निकाय के सदस्यों की एक मीटींग संस्थान के चेयरमैन श्री बिन्दा सिंह की अध्यक्षता में हुई एवं मेधा 2018 क निर्णय लिया गया। इस निर्णय के अनुसार प्रवेश पाने वाले उन छात्रों जिन्हें बारहवी की परीक्षा में नब्वे प्रतिशत अंक प्राप्त हुआ है को ट्यूशन फी का 60ः छात्रवृति दिया जाएगा। वहीं जो अभ्यर्थी लेटरल प्रवेश से सीधे द्वितीय वर्ष में नामांकन कराते हैं और उन्हें डिप्लोमा परीक्षा में 80ः अंक प्राप्त हुआ हैं, तो उन्हें भी 60ः छात्रवृति दी जायगी। दूसरी तरफ जे0सी0ई0सी0ई0 में 4500 रैंक या जे0ई0ई0 में 100000 तक रैंक प्राप्त करने वाले अभ्यर्थीयों के लिए भी 60ः छात्रवृति का प्राबधान किया गया है। नारी शिक्षा पर बल देते हुए इन परिस्थितियों में छात्राओं के लिए 65ः की छात्रवृति का प्राबधान किया गया है। 

वैसे छात्र जिन्हें बारहवी में 80ः अंक प्राप्त है या डीप्लोमा में 70ः या फिर जे0सी0ई0सी0ई0 में 6500 या जे0ई0ई0 में 150000 रैंक प्राप्त है के लिए ट्यूशन फी का 40ः छात्रवृति का प्रावधान है। जबकि इन परिस्थितियों में छात्राओं के लिए 45ः की छात्रवृति का प्राबधान किया गया है।

वैसे छात्र जिन्हें बारहवी में 70ः अंक प्राप्त है या डीप्लोमा में 65ः या फिर जे0सी0ई0सी0ई0 में 11000 या जे0ई0ई0 में 200000 रैंक प्राप्त है के लिए ट्यूशन फी का 25ः छात्रवृति का प्रावधान है। जबकि इन परिस्थितियों में छात्राओं के लिए 30ः की छात्रवृति का प्राबधान किया गया है।

वैसे छात्र जिन्हें बारहवी में 60ः अंक प्राप्त है या डीप्लोमा में 60ः या फिर जे0सी0ई0सी0ई0 में 14000 या जे0ई0ई0 में 250000 रैंक प्राप्त है के लिए ट्यूशन फी का 10ः छात्रवृति का प्रावधान है। जबकि इन परिस्थितियों में छात्राओं के लिए 15ः की छात्रवृति का प्राबधान किया गया है।

आर0 वी0 एस0 एजुकेशनल ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष श्री शत्रुघ्न सिंह से सम्पर्क करने पर उन्होंने इसकी पुष्टि यह कहते हुए किया कि सामाजिक उत्थान में अपनी सहभागिता स्थापित करते हुए इंजिनयरींग कोर्सेज के प्रवेशार्थीयों के लिए शाशी निकाय ने इस छात्रवृति का प्रावधान किया है। यह छात्रवृति केवल एक साल के लिए नहीं है, अपितु यह छात्रवृति छात्र-छात्राएँ अपने कोर्स के चार वर्षों तक प्राप्त कर सकते हैं। लेकिन सम्बंधित छात्र-छात्राओं का सभी सेमेस्टर की परीक्षाओं में अंक प्राप्तांक निर्धारित स्तर का होना अनिवार्य होगा। पारदर्शिता रखने के लिए इस छात्रवृति के लिए बारहवी या डिप्लोमा का प्राप्तांक या फिर जे0सी0ई0सी0ई0 या जे0ई0ई0 का रैंक ही छात्रवृति पाने का आधार होगा। इसके लिए किसी तरह का टेस्ट नहीं लिया जाएगा। इस छात्रवृति से उन मेधावी छात्र-छात्राओं को मदद मिलेगी जिन्हें अर्थाभाव में पढ़ाई जारी रखने में असुविधा होती है। उन्होने यह भी बताया कि इस छात्रवृति  के अतिरिक्त सिरोमन सिंह स्काॅलरशीप एवं रणविजय सिंह स्काॅलरशीप पहले से काॅलेज में पढ़ रहे छात्र-छात्राओं को दिया जाता है। सिरोमन सिंह स्काॅलरशीप के अन्तर्गत सभी ब्राँच के हर एक सेमेस्टर के टाॅपर को ट्यूशन फी में 25ः की छूट दी जाती है, जबकि रणविजय सिंह स्काॅलरशीप के तहत हर सेमेस्टर के आॅभरआॅल टाॅपर को ट्यूशन फी में 50ः की छूट दी जाती है।

एक आकलन के अनुसार लगभग एक कारोड़ रू0 इस स्काॅलरशीप पर खर्च आएगा। शहर के बुद्धिजीवियों ने शाशी निकाय के इस फैसले का स्वागत किया है।